अक्षय तृतिया सिद्ध मुहूर्त है ये शुभकारी योग बनाता है : बंशीधरशुक्ल  


सलेमपुर, देवरिया। पंडित श्री  बंशीधर शुक्ल ने बताया कि आज का शुभ योग की कल्पना अक्षय तृतिया से जाना जाता है भगवान बिष्णु माता लक्ष्मी का विशेष वरदान है की अक्षय तृतिया शुभ दीन है ईस दीन शुभ कार्य कर सकते है दान करना ईस योग में फलित होता है अक्षय तृतीया का पर्व हिन्‍दू पंचांग के अनुसार बैसाख महीने की शुक्‍ल पक्ष तृतीया को मनाया जाता है। इस बार यह 26 अप्रैल, दिन रविवार को मनाया जा रहा है। अक्षय तृतीया का दिन विवाह, वाहन खरीदने और सोना आदि खरीदने के लिए बहुत ही शुभ माना गया है। कहा जाता है कि भगवान विष्णु का विवाह इसी दिन हुआ था। यानी अक्षय तृतीया के दिन विवाह करने वाले दंपति माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की जोड़ी की तहर पूरे जीवन पर सुखी और प्रसन्न रहते हैं।


अक्षय तृतीया को स्वयं सिद्ध मुहूर्त माना गया है। यही कारण है कि लोग धार्मिक अनुष्ठान, गृह प्रवेश, व्यापार, जप-तप और पूजा-पाठ करने के लिए अक्षय तृतीया के दिन को बहुत शुभ मानते हैं।